September 25, 2022
Turkey की मुद्रास्फीति 24 साल के उच्च स्तर 79.6 प्रतिशत पर पहुँची

Turkey की मुद्रास्फीति 24 साल के उच्च स्तर 79.6 प्रतिशत पर पहुँची

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महंगाई से जूझ रहे तुर्की (Turkey) में मुद्रास्फीति मई में 79.6 प्रतिशत पर पहुंच गई जो पिछले 24 साल का सर्वोच्च स्तर है. बुधवार को डेटा दिखाया गया क्योंकि लीरा की निरंतर कमजोरी और वैश्विक ऊर्जा और कमोडिटी की लागत ने कीमतों को ऊंचा कर दिया.

Turkey में मुद्रास्फीति अपने उच्च स्तर पर

Aljazeera से मिली जानकारी के मुताबिक, तुर्की में मुद्रास्फीति मई में 79.6 प्रतिशत पर पहुंच गई है. महीने-दर-महीने, जुलाई में उपभोक्ता कीमतों में 2.37 प्रतिशत की वृद्धि हुई है. तुर्की सांख्यिकी संस्थान (TUIK) ने कहा है की, “रॉयटर्स समाचार एजेंसी के सर्वेक्षण के 2.9 प्रतिशत के पूर्वानुमान के नीचे. सालाना, उपभोक्ता मूल्य मुद्रास्फीति 80.5 प्रतिशत रहने का अनुमान था.”

पिछली शरद ऋतु (last autumn) में मुद्रास्फीति में वृद्धि शुरू हुई. जब राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन द्वारा मांगे गए एक सहज चक्र में केंद्रीय बैंक द्वारा धीरे-धीरे अपनी नीतिगत दर में 500 आधार अंकों की कटौती के बाद लीरा में गिरावट आई.

कैपिटल इकोनॉमिक्स के वरिष्ठ उभरते बाजार अर्थशास्त्री जेसन टुवे ने कहा कि वार्षिक मुद्रास्फीति चरम पर पहुंच सकती है. ऊर्जा मुद्रास्फीति में तेजी से गिरावट आ रही है और खाद्य मुद्रास्फीति शीर्ष पर पहुंचने के करीब दिखाई दे रही है. तुवे ने एक नोट में कहा, “भले ही मुद्रास्फीति अपने चरम के करीब है. यह कई और महीनों तक अपनी मौजूदा उच्च दरों के करीब रहेगी.”

इन क्षेत्रों में हुई है वार्षिक वृद्धि

मिली जानकारी के मुताबिक, उपभोक्ता कीमतों में सबसे बड़ी वार्षिक वृद्धि 119.11 प्रतिशत तक परिवहन क्षेत्र में हुई. जबकि खाद्य और गैर-मादक पेय की कीमतों में 94.65 प्रतिशत की वृद्धि हुई है.

रूस के यूक्रेन पर आक्रमण के आर्थिक प्रभाव के साथ-साथ लीरा की निरंतर गिरावट के कारण इस वर्ष मुद्रास्फीति को और बढ़ावा मिला है. मुद्रा पिछले साल संयुक्त राज्य डॉलर के मुकाबले 44 प्रतिशत कमजोर हुई, और इस साल 27 प्रतिशत नीचे है.

डॉलर के मुकाबले 17.9560 के आंकड़े के बाद लीरा सपाट कारोबार कर रही थी. दिसंबर में इसने 18.4 के रिकॉर्ड निचले स्तर को छुआ था. बता दें की, सितंबर 1998 के बाद से वार्षिक मुद्रास्फीति अब उच्चतम स्तर पर है. जब यह 80.4 प्रतिशत तक पहुंच गई थी और तुर्की एक दशक तक उच्च मुद्रास्फीति को समाप्त करने के लिए संघर्ष कर रहा था.

राष्ट्रपति की आर्थिक नीतियाँ हैं ज़िम्मेदार

बता दें की, तुर्की (Turkey) के हालात ख़राब चल रहें है. इसके पहले मुद्रास्फीति मई में 73.5 प्रतिशत पर पहुंच गई थी. वैसे तो पिछले कुछ महीनों में दुनिया के कई देशों में बढ़ती मुद्रास्फीति चिंता का सबब बनी हुई है. लेकिन तुर्की (Turkey) में हालात बहुत खराब हैं. महंगाई आसमान छू रही है.

वैसे कई विश्लेषकों की माने तो, राष्ट्रपति रेसप तैयप एर्दोगान की गलत आर्थिक नीतियों के चलते तुर्की को इस मुसीबत से जूझना पड़ रहा है. जानकार का मानना है की राष्ट्रपति रेसप तैयप एर्दोगान ने अगर अपनी आर्थिक नीतियों में सुधर नहीं किया तो इसका अंजाम तुर्की को और बुरा भुगतना पद सकता है.

जानकारी के लिए बता दें की, इस साल फरवरी में यूक्रेन पर रूस के हमले के बाद तेल, गैस एवं अनाज के दाम बढ़ने से तुर्की में हालात और बिगड़ गए हैं. रूस-यूक्रेन युद्ध की सम्पति की अभी कोई संकेत नहीं दिख रहें हैं.

 

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