Pulwama: जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंवादियों ने एक प्रवासी मजदूर को मारी गोली

Pulwama: जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले (Pulwama) में शुक्रवार सुबह आतंकियों ने एक प्रवासी मजदूर पर फायरिंग कर दी है. जम्मू-कश्मीर पुलिस ने कहा कि पीड़ित की पहचान पश्चिम बंगाल के रहने वाले मुनीरुल इस्लाम के रूप में हुई है. जिसे पास के एक अस्पताल में ले जाया गया. जहां उसकी हालत स्थिर है.

पुलिस ने इलाके की घेराबंदी की

ANI से मिली जानकारी के मुताबिक, सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस ने इलाके (Pulwama) की घेराबंदी कर दी है. पिछले महीने जम्मू-कश्मीर के पुलवामा के गडूरा गांव में आतंकवादियों द्वारा ग्रेनेड फेंके जाने के बाद बिहार के एक प्रवासी मजदूर की मौत हो गई थी और उसी राज्य के दो अन्य मजदूर घायल हो गए थे.

जानकारी के लिए बता दें की, पिछले महीने जम्मू-कश्मीर के राजौरी में सेना के एक शिविर पर तड़के हुए हमले में चार जवान शहीद हो गए और एक घायल हो गया था. सेना के शिविर में प्रवेश करने के लिए बाड़ लगाने की कोशिश कर रहे दो आतंकवादियों को मार गिराया गया था.

इस हमले पर सेना ने कहा था की, “सूबेदार राजेंद्र प्रसाद, राइफलमैन मनोज कुमार, राइफलमैन लक्ष्मणन डी और राइफलमैन निशांत मलिक ने आत्मघाती हमले में 2 आतंकवादियों को मार गिराते हुए सर्वोच्च बलिदान देते हुए दम तोड़ दिया. हम उनके नुकसान पर शोक व्यक्त करते हैं और उनके परिवार के सदस्य के लिए शक्ति के लिए प्रार्थना करते हैं.”

अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक मुकेश सिंह ने बताया था की, “कुछ आतंकवादियों ने परगल में सैन्य शिविर की बाड़ को पार करने की कोशिश की. संतरी ने उन्हें चुनौती दी और गोलीबारी हुई.” मुकेश सिंह ने आगे कहा कि इलाके को सुरक्षित करने के लिए सेना के शिविर में और बल भेजे गए है.

राजौरी जिला और जम्मू क्षेत्र में आतंकवाद हुआ कम

अधिकारिक जानकारी के मुताबिक, राजौरी जिला और जम्मू क्षेत्र के अन्य हिस्से बड़े पैमाने पर आतंकवाद से मुक्त हो चुके हैं. लेकिन पिछले छह महीनों में कई आतंकी घटनाएं हुई हैं. पुलिस ने कहा था कि आज के हमले के पीछे आतंकी समूह लश्कर-ए-तैयबा या लश्कर-ए-तैयबा था.

यह हमला केंद्र शासित प्रदेश के पुलवामा जिले में 25 किलोग्राम तात्कालिक विस्फोटक उपकरण बरामद कर एक बड़ी त्रासदी को टालने के एक दिन बाद भी हुआ था. फरवरी 2018 के बाद से जम्मू और कश्मीर में सेना की सुविधा पर यह पहला बड़ा आतंकवादी हमला था. जब आतंकवादियों ने जम्मू क्षेत्र के सुंजवां शिविर पर हमला किया था.

2016 में हुआ था ये हमला

2016 में इसी तरह के आतंकी हमले में जम्मू-कश्मीर के उरी में कार्रवाई में 18 जवान शहीद हो गए थे. पुलिस ने हाल ही में तालिब हुसैन शाह की गिरफ्तारी के साथ जम्मू-कश्मीर में एक प्रमुख लश्कर-ए-तैयबा मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया.

जो जम्मू क्षेत्र में भाजपा के अल्पसंख्यक मोर्चा सोशल मीडिया प्रभारी थे. भाजपा ने अंततः उन्हें अस्वीकार कर दिया. ऑनलाइन सदस्यता की प्रणाली को दोष दिया. जो लोगों को पृष्ठभूमि की जांच के बिना पार्टी में शामिल होने की अनुमति देता है.

पुलिस के अनुसार तालिब हुसैन शाह इलाके में सिलसिलेवार हमलों में शामिल था. उसके पास से भारी मात्रा में हथियार बरामद हुए थे. जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने ट्वीट किया था की,

“राजौरी में आतंकवादी हमले के बाद तीन सैनिकों की ड्यूटी के दौरान मौत के बारे में सुनकर बहुत दुख हुआ. हमले की निंदा करते हुए मैं परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करता हूं. और हमले में घायल हुए उन अधिकारियों और जवानों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं.”

One thought on “Pulwama: जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंवादियों ने एक प्रवासी मजदूर को मारी गोली”

Leave a Reply

Your email address will not be published.