September 25, 2022
China started military exercise by encircling Taiwan amidst tension

China started military exercise by encircling Taiwan amidst tension

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चीन और ताइवान में तनातनी मची हुई है. चीन (China) ने ताइवान के स्व-शासित द्वीप के आसपास बड़े पैमाने पर सैन्य समुद्री और हवाई अभ्यास शुरू कर दिया है. अमेरिकी हाउस स्पीकर नैन्सी पेलोसी के ताइपे से प्रस्थान करने के कुछ घंटे बाद, जिसने बीजिंग को प्रभावित किया.

छह क्षेत्रों में लाइव-फायर अभ्यास हो रहा

Aljazeera से मिली जानकारी के मुताबिक, पेलोसी के आगमन के बाद चीन ((China)) ने मंगलवार रात सैन्य युद्धाभ्यास शुरू किया और बाद में पेलोसी की यात्रा के जवाब में जवाबी आर्थिक उपायों की घोषणा की.

सैन्य गतिविधि बुधवार को भी जारी रही, जिसमें ताइवान ने कहा कि अभ्यास में संयुक्त राष्ट्र के नियमों का उल्लंघन किया. उसके क्षेत्रीय स्थान पर आक्रमण किया और उसकी हवा और समुद्र की नाकाबंदी पर चीन नज़र बनाये हुए है.

बता दें की, गुरुवार को, राष्ट्रीय रक्षा मंत्रालय ने चीन (China) की सैन्य गतिविधियों को तर्कहीन और यथास्थिति को बदलने और क्षेत्रीय शांति और स्थिरता को कम करने के इरादे के रूप में बताया है.

वैसे तो बीजिंग ताइवान को अपना होने का दावा करता है और उसने द्वीप पर नियंत्रण करने के लिए बल प्रयोग के लिए हामी भी भर दी है. राज्य के मीडिया ने बताया कि ताइवान के आसपास के छह क्षेत्रों में लाइव-फायर अभ्यास स्थानीय समयानुसार पर चल रहा था और 7 अगस्त को उसी समय तक जारी रहेगा.

China से सहमत नहीं अमेरिका

अमेरिका की हाउस स्पीकर के ताइवान दौरे के बाद से तो चीन बौखलाहट बढ़ गई है. चीन आज भी ताइवान को अपना हिस्सा कहता है. लेकिन अमेरिका उसको चीन से आज़ाद मानता है और कहता है की वो ताइवान की रक्षा करने के लिए बाध्य है.

चीनी मुख्य भूमि सैन्य विशेषज्ञ सोंग झोंगपिंग के हवाले से से खबर सामने है की, “भविष्य में सैन्य संघर्ष की स्थिति में, यह संभावना है कि वर्तमान में पूर्वाभ्यास की जा रही परिचालन योजनाओं का सीधे युद्ध अभियानों में अनुवाद किया जाएगा.”

चीनी अखबार की माने तो, सेना ने ताइवान जलडमरूमध्य में लंबी दूरी की तोपखाने लॉन्च करने की योजना बनाई है. चीन (Dragon) और ताइवान की ये स्थिति कभी भी युद्ध का रूप धारण कर सकती है.

विशेषज्ञ ने किया ये दावा

मिली जानकारी के मुताबिक, चीनी विशेषज्ञ ने ये दावा किया है की, “अगर पीएलए की पारंपरिक मिसाइलों को मुख्य भूमि से ताइवान के पश्चिम की ओर लॉन्च किया जाता है. और इसके पूर्व में लक्ष्य मारा जाता है. तो इसका मतलब है कि मिसाइलें द्वीप पर उड़ जाएंगी, जो अभूतपूर्व है.”

ऐसा बताया जा रहा है की, बीजिंग ने जिन छह क्षेत्रों में अभ्यास का संकेत दिया है, उनमें से कुछ ताइवान के क्षेत्रीय जल क्षेत्र में आते हैं. द्वीप पहले ही शिपिंग फर्मों और एयरलाइंस को स्थानों से बचने के लिए चेतावनी दे चुका है. रक्षा मंत्रालय ने कहा कि द्वीप के सशस्त्र बल अलर्ट की स्थिति में हैं.

पीएलए की गतिविधियों पर करीब से नजर रख रहे हैं. मंत्रालय ने अपने बयान में कहा, “ताइवान युद्ध की मांग किए बिना युद्ध की तैयारी के सिद्धांत को बनाए रखेगा, और संघर्ष को न बढ़ाने और विवाद पैदा न करने के दृष्टिकोण के साथ.”

 

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