Assam Flood: भारतीय वायु सेना ने राहत कार्यों के लिए 7 प्रकार के फिक्स्ड और रोटरी-विंग विमान तैनात किए

Assam Flood: असम (Assam) इन दिनों बाढ़ (Flood) के चलते कईं मुसीबतें झेल रहा है. बता दें की, असम (Assam) में बाढ़ (Flood) की स्थिति बृहस्पतिवार को भी गंभीर बनी रही तथा सात और लोगों की मौत हो जाने से इस आपदा में अब तक कुल 108 लोगों की जान जा चुकी है.

असम में लगातार बढ़ रही मरने वालों की संख्या

असम इन दिनों लगातार परेशानियों में घिरा हुआ है. इसको लेकर प्रधानमंत्री  मोदी (PM Modi) ने कहा, ‘‘सेना और एनडीआरएफ (NDRF) के दल बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में मौजूद हैं. वे बचाव अभियान चला रहे हैं और प्रभावित लोगों की मदद कर रहे हैं. वायुसेना (IAF) ने बचाव अभियान के तहत 250 से अधिक उड़ानें भरी हैं.’’

IAF (Indian Air Force) अधिकारी ने कहा, “अब तक IAF ने 130 से अधिक मानवीय आश्वासन मिशनों को उड़ाया है और असम बाढ़ (Assam Flood) के लिए पिछले पांच दिनों में 700 टन भार गिराया है.”

बता दें की, बाढ़ के कारण सबसे अधिक प्रभावित जिला बारपेटा है जहां 10,32,561 लोगों पर इसका प्रभाव पड़ा हैं, इसके बाद कामरूप जिले में 4,29,166 लोग प्रभावित हुए हैं.

असम (Assam) के बड़े हिस्से में बाढ़ के कारण राज्य के 25 जिलों में पानी भर गया है, भारतीय वायु सेना (Indian Air Force) ने सात प्रकार के फिक्स्ड और रोटरी-विंग विमान तैनात किए हैं  77 टन राहत सामग्री पहुंचाने का लक्ष्य है.

हवाई सर्वेक्षण करने के बाद मुख्यमंत्री ने बराक घाटी क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति की समीक्षा की तथा घोषणा की कि बाढ़ में फंसे लोगों को निकालने के लिए सेना की और टुकड़ियां सिलचर भेजी जाएंगी. प्रभावित इलाकों में भोजन के पैकेट, पानी की बोतल और अन्य जरूरी वस्तुएं वायुसेना के हेलीकॉप्टर से गिराई जा रही हैं. मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने रविवार को कछार में सिलचर और कामरूप में हाजो का दौरा किया और राहत और बचाव कार्यों में शामिल एजेंसियों को अपनी पहुंच बढ़ाने और जल्द से जल्द मदद सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published.